Month July 2025

मुश्किलों में मन विचलित हो तो क्या करें?

Man Vichlit ho to Kya Kare

जीवन एक यात्रा है – कभी सरल, तो कभी चुनौतीपूर्ण। इस यात्रा में हर इंसान को सुख और दुःख, दोनों के रास्ते से गुजरना ही पड़ता है। जब सब कुछ अनुकूल हो, तब मन प्रसन्न रहता है, पूजा-पाठ में मन…

काम: मुक्ति का साधन या सर्वनाश का मार्ग?

Sexual urge and spiritual growth

Sexual Urge and Spiritual Growth मनुष्य का जन्म कुछ स्वाभाविक प्रवृत्तियों के साथ होता है, जिनमें से काम (sexual urge) भी एक महत्वपूर्ण और प्राकृतिक इच्छा है। यह कोई दोष नहीं, बल्कि सृष्टि की निरंतरता के लिए आवश्यक जैविक व्यवस्था…

कुंडली के 12 भाव से क्या क्या देखते हैं?

12th house in kundli

12th House in Kundli कुंडली का हर भाव व्यक्ति के जीवन के एक विशेष पहलू को दर्शाता है। भारतीय ज्योतिष में बारह भावों को गहरे अर्थों में बांटा गया है, जो न केवल हमारे शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित…

क्या नियम-कानून के बिना पूजा सार्थक होती है?

bina niyam ke puja kaise kare

क्या आपने कभी सोचा है कि Bina Niyam Ke Puja करने से भी भगवान की कृपा मिल सकती है? आमतौर पर पूजा-पद्धतियों में हम नियमों और विधियों का पालन करते हैं, ताकि हमारा भक्ति कार्य सही तरीके से पूरा हो।…

जन्म समय और सही कुंडली का महत्त्व।

importance of birth time in kundli

“समय के प्रत्येक क्षण में छिपा होता है भविष्य” क्या आपने कभी सोचा है कि एक ही दिन जन्मे दो लोगों का भाग्य एक जैसा क्यों नहीं होता? जन्म की तारीख समान होने के बावजूद यदि उनका जन्म समय अलग…

कर्म-भाग्य और प्रारब्ध: ईश्वर का विधान और जीवन का सत्य।

Karm aur Bhagya

Karm Aur Bhagya में अंतर क्या है? ये प्रश्न बहुत विचलित करता है; जबकि एक बीज है तो एक फल क्योंकि जीवन में जो भी फल रूपी घटनाएँ घटित होती हैं, चाहे वह सुख हो या दुःख, उनके पीछे बीज…

संबंधों का जाल या कर्मों का फल: एक आध्यात्मिक दृष्टिकोण

karmo ka fal

Karmo Ka Fal — यह शब्द सुनते ही हमारे मन में कई सवाल जागते हैं: क्या वास्तव में हर कर्म का कोई फल होता है? क्या जो हम दूसरों के साथ करते हैं, वही किसी न किसी रूप में हमारे…

कुंडली क्या होती है? – दूसरा भाग

Kundli kya hoti hai – जन्म कुंडली का महत्व और ज्योतिषीय उपयोग

Kundli kya hoti hai? – यह सवाल जितना सामान्य लगता है, उतनी ही गहराई से इसके उत्तर में हमारी ज़िंदगी की जड़ें जुड़ी होती हैं। पिछले भाग में हमने समझा कि जन्म कुंडली केवल ग्रह-नक्षत्रों का चार्ट नहीं, बल्कि जीवन…

जन्म कुंडली क्या होती है? -पहला भाग

janm kundli kya hoti hai

Janm Kundli Kya Hoti Hai? जब कोई शिशु इस धरती पर जन्म लेता है, तो केवल एक शरीर नहीं जन्म लेता – उस क्षण ब्रह्मांड में ग्रहों की जो स्थिति होती है, वही उसके जीवन की पहली छाप बन जाती…

दीपक : पंचतत्वों से पूर्ण एक प्रतीक – आत्मबोध की लौ

Deepak Symbolism

Deepak Symbolism भारतीय संस्कृति में दीपक केवल एक दीप नहीं है – यह प्रकाश का माध्यम मात्र नहीं, बल्कि ज्ञान, आत्मबोध और चेतना का जीवंत प्रतीक है। जब हम किसी मंदिर में दीप जलाते हैं, जब घर के आँगन में…